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: अब छत्तीसगढ़ में शिक्षकों को दिया गया आयुष्मान कार्ड बनाने का काम

cglive24 news अब छत्तीसगढ़ में शिक्षकों को दिया गया आयुष्मान कार्ड बनाने का काम cglive24 news छत्तीसगढ़ में अब आयुष्मान कार्ड बनाने का काम शिक्षकों को दिया गया है. स्वास्थ्य विभाग ने एक मोबाइल एप जारी किया है. शिक्षकों को यह एप उनके मोबाइल में इंस्टॉल करने के लिए कहा गया है. इसी एप के जरिए शिक्षक डिटेल्स आयुष्मान कार्ड के वेबसाइट पर फीड करेंगे. फिर वहीं से आयुष्मान कार्ड जारी करेंगे.छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के ज्यादातर स्कूलों में इसका काम शुरू हो चुका है. आयुष्मान कार्ड बनाने अभिभावकों को फोन कर बुला रहे जिले के शिक्षकों का कहना है कि उन्हें सरकार की तरफ से आयुष्मान कार्ड बनाने का काम सौंपा गया है. इसके लिए वे बच्चों को उनके आधार कार्ड और राशन कार्ड साथ लाने को कहते हैं. उनके अभिभावकों को भी फोन करके बुला रहे हैं ताकि सभी का आयुष्मान कार्ड बनाया जा सके, शिक्षकों का कहना है कि कार्ड बनाने मे तरह तरह री समस्या भी आ रही है कई बच्चों का आधार कार्ड नहीं बना है. आधार कार्ड बना भी है तो उनके नाम राशन कार्ड में ऐड नहीं हुए हैं. ऐसे में हम उनसे नाम राशन कार्ड में जुड़वा कर आने को कह रहे हैं ताकि आयुष्मान कार्ड की प्रक्रिया को पूरा कर उनका कार्ड बनाया जा सके कैसे होगी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की परिकल्पना पूरी – विवेक दुबे मामले को लेकर सर्व शिक्षक संघ के संयोजक विवेक दुबे का कहना है कि शिक्षकों से गैर शिक्षकीय काम लेना कोई नई बात नही हैं, सरकार उन्हें अध्यापन कार्य के अलावा दूसरे कई तरह के कार्यों में लगा देती है. चुनाव कार्य के दौरान दायित्वों की बात हो, जनगणना के दौरान सर्वे का काम हो, या फिर कोरोना के दौरान दवा पहुंचने का काम या फिर अब आयुष्मान कार्ड बनाने का काम. अभिभावकों का भी कहना है कि शिक्षकों को गैर शिक्षकीय कार्यों में लगाया जाता है. ऐसे में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की परिकल्पना को कई बार झटका जरूर लगता हैcglive24 news cglive24 news [caption id="attachment_7792" align="alignnone" width="249"] Oplus_0[/caption] [caption id="attachment_7274" align="alignnone" width="300"] Oplus_131072[/caption]  

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